TY - BOOK AU - Singh, Bhagat TI - Mai nastik kyu hu = मैं नास्तिक क्यों हूँ SN - 9789371979009 U1 - 954.035092 SIN PY - 2025/// CY - Bengaluru: PB - Indie Press, KW - Why I am an Atheist KW - Bhagat Singh, 1907–1931—Political and Social Views KW - Atheism KW - Religion—Philosophy KW - Political Prisoners—India—Writings KW - God—Existence—Philosophy N2 - मैं नास्तिक क्यों हूँ (Why I am an Atheist) भगत सिंह द्वारा लिखा एक लेख है जो उन्होंने लाहौर सेंट्रल जेल में क़ैद के दौरान लिखा था और इसका प्रथम प्रकाशन लाहौर से ही छपने वाले अख़बार दि पीपल में 27 सितम्बर 1931 को हुआ। यह लेख भगत सिंह के द्वारा लिखित साहित्य के सर्वाधिक चर्चित और प्रभावशाली हिस्सों में गिना जाता है और बाद में इसका कई बार प्रकाशन हुआ। इस लेख के माध्यम से भगत सिंह ने तार्किक रूप से यह बताने की कोशिश की है कि वे किसी ईश्वरीय सत्ता में क्यों यकीन नहीं करते हैं ER -